कुत्तों और बिल्लियों के लिए गर्मी, किलनी और मानसून से जुड़ी देखभाल
भारत का हर मौसम पालतू जानवरों के लिए अपने ख़तरे लेकर आता है: गर्मियों में गर्म दोपहरें और छतें, साल के ज़्यादातर हिस्से में किलनी, और मानसून में गीले, कीचड़ भरे हफ़्ते। यहाँ जानिए कि पशु चिकित्सा स्रोत क्या कहते हैं, साथ ही वे व्यावहारिक आदतें भी जो हम सुझाते हैं।
गर्मी और हीटस्ट्रोक (लू लगना)
Cornell का Riney Canine Health Center हीटस्ट्रोक को ऐसी मेडिकल इमरजेंसी बताता है जिसमें गहन इलाज (इंटेंसिव केयर) की ज़रूरत होती है। ज़्यादा ख़तरे वाले कुत्तों में पग और बुलडॉग जैसी चपटे चेहरे वाली नस्लें, बूढ़े और ज़्यादा वज़न वाले कुत्ते, घने या गहरे रंग के बालों वाले कुत्ते, और साँस या दिल की समस्या वाले कुत्ते शामिल हैं।
कुत्तों में इन लक्षणों पर ध्यान दें
- तेज़-तेज़ हाँफना और लार टपकना
- उल्टी या ख़ून वाले दस्त
- कमज़ोरी, भ्रमित होना या दौरे पड़ना
- गिर पड़ना
क्या करें
कुत्ते को ठंडे पानी से भिगोकर तुरंत ठंडा करना शुरू करें, और पशु चिकित्सा अस्पताल पहुँचें; रास्ते में कार का एयर-कंडीशनर चलता रहे।
बचाव
- खड़ी कार में कुत्ते को कभी अकेला न छोड़ें।
- गर्म और उमस भरे मौसम में ज़्यादा मेहनत वाली कसरत से बचें।
- सुबह जल्दी या देर शाम को टहलाएँ, दिन के सबसे गर्म समय में नहीं।
- छाँव दें और पानी पीने के भरपूर मौक़े दें।
- बहुत ज़्यादा गर्मी और उमस के दौरान घर के अंदर रहें।
स्रोत: Cornell: कुत्तों में हीटस्ट्रोक। 26 अक्टूबर 2026 को जाँचा गया।
गर्मी में बिल्लियाँ
Cornell का Feline Health Center कमज़ोरी या गिर पड़ना, बहुत ज़्यादा हाँफना, लार टपकना, उल्टी और दस्त को बिल्लियों में हीटस्ट्रोक के लक्षण बताता है, और चेतावनी देता है कि यह बहुत जल्दी जानलेवा हो सकता है। बिल्ली को किसी ठंडी, हवादार जगह पर ले जाएँ, उसके बालों को ठंडे (बहुत ज़्यादा ठंडे नहीं) पानी से धीरे-से गीला करें, और तुरंत अपने पशु चिकित्सक को फ़ोन करें। बचाव के लिए: हर समय ताज़ा पानी, छाँव, लेटने के लिए कूलिंग मैट या कपड़े में लपेटा हुआ आइस पैक, और बहुत ज़्यादा गर्मी के दौरान बिल्लियों को घर के अंदर किसी ठंडे किए गए कमरे में रखना।
स्रोत: Cornell: गर्मी में बिल्लियों की सुरक्षा। 26 अक्टूबर 2026 को जाँचा गया।
सड़कों और छतों के लिए हमारा आसान नियम: अपने हाथ का पिछला हिस्सा कुछ सेकंड के लिए सतह पर रखें। अगर आपको असहज लगे, तो वह पंजों के लिए बहुत गर्म है।
किलनी
TroCCAP के बाहरी परजीवी (एक्टोपैरासाइट) संबंधी दिशानिर्देशों के अनुसार कुत्तों की भूरी किलनी (brown dog tick) उष्णकटिबंधीय क्षेत्रों में कुत्तों पर पाई जाने वाली सबसे आम किलनी है, जो एक साल में एक से ज़्यादा पीढ़ियाँ पूरी कर सकती है। किलनी से त्वचा को नुक़सान और ख़ून की कमी हो सकती है, और वे Ehrlichia canis, Babesia vogeli और Hepatozoon जैसे संक्रमणों की वाहक हो सकती हैं। दिशानिर्देशों में सलाह दी गई है कि उष्णकटिबंधीय क्षेत्रों में कुत्तों और बिल्लियों को पूरे साल बाहरी परजीवियों से बचाया जाए, और बताया गया है कि ज़्यादातर घर के अंदर रहने वाले कुत्तों पर भी पार्क या ग्रूमिंग पार्लर में किलनी चढ़ सकती हैं।
रोज़ की जाँच
अपने पालतू जानवर के पूरे शरीर पर हाथ और बारीक दाँतों वाली कंघी फेरें, और उन जगहों पर ख़ास ध्यान दें जहाँ किलनी ज़्यादा रहती हैं: कान, बगलें, जाँघों के अंदरूनी जोड़, आँखों के आस-पास और पंजों की उँगलियों के बीच।
किलनी कैसे निकालें
- हो सके तो दस्ताने पहनें।
- बारीक नोक वाली चिमटी या किलनी निकालने का औज़ार इस्तेमाल करें, और किलनी को उस जगह के पास से पकड़ें जहाँ वह त्वचा से चिपकी है।
- उसे एक-सा, लगातार खिंचाव देकर बाहर निकालें और जाँच लें कि पूरी किलनी निकल गई है।
- किलनी को अल्कोहल (स्पिरिट) वाले एक छोटे जार में डालकर जार बंद कर दें, फिर अपने हाथ धोएँ।
TroCCAP के अनुसार जब किलनियाँ बहुत ज़्यादा हों, जो सैकड़ों तक हो सकती हैं, तो हाथ से निकालना व्यावहारिक नहीं हो सकता और पशु चिकित्सक से मिलने वाले किसी तेज़ असर वाले उत्पाद की ज़रूरत होती है।
स्रोत: TroCCAP: किलनी और पिस्सू के दिशानिर्देश (उष्णकटिबंधीय क्षेत्र); Cornell: किलनी और बिल्लियाँ। 26 अक्टूबर 2026 को जाँचा गया।
बिल्लियों को ऐसे उत्पाद चाहिए जो उनके लिए सुरक्षित हों
पाइरेथ्रॉइड और एमिडीन वाले किलनी के कुछ सांद्र (कंसन्ट्रेटेड) उत्पाद बिल्लियों के लिए ज़हरीले होते हैं। Cornell की सलाह है कि आपके पशु चिकित्सक की ख़ास सिफ़ारिश के बिना बिल्ली की त्वचा पर लगाने वाला कोई उत्पाद या किलनी-रोधी कॉलर इस्तेमाल न करें। अगर किसी पालतू जानवर को बुख़ार हो, सुस्ती हो, मसूड़े फीके दिखें या वह खाना छोड़ दे, तो अपने पशु चिकित्सक से संपर्क करें।
स्रोत: TroCCAP: किलनी और पिस्सू के दिशानिर्देश (उष्णकटिबंधीय क्षेत्र); Cornell: किलनी और बिल्लियाँ। 26 अक्टूबर 2026 को जाँचा गया।
मानसून में देखभाल
लेप्टोस्पायरोसिस और बाढ़ का पानी
लेप्टोस्पायरोसिस एक बैक्टीरियल संक्रमण है, जो चूहों जैसे कुतरने वाले जीवों और कुत्तों समेत संक्रमित जानवरों के पेशाब से फैलता है। US Centers for Disease Control and Prevention के अनुसार ये बैक्टीरिया पानी या मिट्टी में हफ़्तों से लेकर महीनों तक ज़िंदा रह सकते हैं, और बाढ़ के बाद अक्सर ख़तरा बढ़ जाता है, जब मिट्टी में मौजूद पेशाब बहकर बाढ़ के पानी और गड्ढों में भरे पानी में मिल जाता है। इंसान भी इससे संक्रमित हो सकते हैं।
भारत में National Centre for Disease Control (राष्ट्रीय रोग नियंत्रण केंद्र) लेप्टोस्पायरोसिस की रोकथाम और नियंत्रण का एक कार्यक्रम (Programme for Prevention and Control of Leptospirosis) चलाता है, जिसके दायरे में 26 अक्टूबर 2026 की स्थिति के अनुसार 12 राज्यों और 2 केंद्रशासित प्रदेशों के 181 ज़िले आते हैं (NCDC के FY 2022–23 में हुए विस्तार के बाद का दायरा), और यह राज्यों को मानसून से पहले एडवाइज़री जारी करता है। जहाँ यह बीमारी लगातार पाई जाती है और उपयुक्त टीके उपलब्ध हैं, वहाँ WSAVA कुत्तों के लिए लेप्टोस्पायरोसिस के टीके को कोर मानता है, इसलिए अपने पशु चिकित्सक से पूछें कि आप जहाँ रहते हैं, वहाँ इसकी सलाह दी जाती है या नहीं।
स्रोत: CDC: लेप्टोस्पायरोसिस के बारे में; NCDC लेप्टोस्पायरोसिस कार्यक्रम; WSAVA टीकाकरण दिशानिर्देश 2024। 26 अक्टूबर 2026 को जाँचा गया।
बारिश के मौसम के लिए हमारी सुझाई गई आदतें
- कुत्तों को गड्ढों में भरे पानी और बाढ़ के पानी को पीने या उसमें से होकर चलने से दूर रखें।
- टहलने के बाद पंजे धोकर सुखाएँ, उँगलियों के बीच भी, और बालों को तौलिये से सुखाएँ।
- किलनी की रोज़ की जाँच जारी रखें: मानसून में किलनी से छुट्टी नहीं मिलती।
- सूखा खाना अच्छी तरह बंद करके और नम फ़र्श से ऊपर रखें; जिस खाने से ख़राब गंध आए या उसमें फफूँद दिखे, उसे फेंक दें।
- अपने पालतू जानवर की गंदगी साफ़ करने के बाद अपने हाथ धोएँ।
आँधी-तूफ़ान, पटाखे और शोर-शराबे वाले जश्न
कुछ कुत्ते तेज़, तीखी या असामान्य आवाज़ों से डर जाते हैं। Cornell का सुझाव है कि तनाव वाले मौक़ों पर ऐसे क्रेट को सुरक्षित जगह के रूप में इस्तेमाल करें जो कुत्ते को पहले से पसंद हो, सज़ा के बजाय सकारात्मक ट्रेनिंग दें, और अगर आपका कुत्ता बेचैन रहता है, तो बिना पर्चे के मिलने वाले उपायों के बजाय पशु चिकित्सक को दिखाएँ। दिवाली, शादियों के मौसम या तूफ़ान के पूर्वानुमान से पहले एक शांत कमरा तैयार करें, दरवाज़े और गेट बंद रखें, और पक्का करें कि ID टैग लगा हुआ है।
स्रोत: Cornell: कुत्तों में घबराहट वाला व्यवहार। 26 अक्टूबर 2026 को जाँचा गया।
इस पेज के स्रोत
- Heatstroke: a medical emergency, Cornell University College of Veterinary Medicine, Riney Canine Health Center। 26 अक्टूबर 2026 को जाँचा गया।
- Feline heat safety, Cornell University College of Veterinary Medicine, Cornell Feline Health Center (अंतिम अपडेट 21 अगस्त 2026)। 26 अक्टूबर 2026 को जाँचा गया।
- Guidelines for the control of ectoparasites of dogs and cats in the tropics, first edition, Tropical Council for Companion Animal Parasites (TroCCAP) (1 जनवरी 2022)। 26 अक्टूबर 2026 को जाँचा गया।
- Ticks, Cornell University College of Veterinary Medicine, Cornell Feline Health Center। 26 अक्टूबर 2026 को जाँचा गया।
- About leptospirosis, US Centers for Disease Control and Prevention (CDC) (10 फ़रवरी 2026)। 26 अक्टूबर 2026 को जाँचा गया।
- Programme for Prevention and Control of Leptospirosis, National Centre for Disease Control (NCDC), Ministry of Health and Family Welfare, Government of India। 26 अक्टूबर 2026 को जाँचा गया।
- 2024 Guidelines for the Vaccination of Dogs and Cats, कार्यकारी सारांश, World Small Animal Veterinary Association (WSAVA) Vaccination Guidelines Group (2024)। 26 अक्टूबर 2026 को जाँचा गया।
- Anxious behavior: how to help your dog cope with unsettling situations, Cornell University College of Veterinary Medicine, Riney Canine Health Center (अंतिम अपडेट 23 दिसंबर 2025)। 26 अक्टूबर 2026 को जाँचा गया।